शब्दों का सफर

पुस्तक का संक्षिप्त विवरण –

मेरी दूसरी पुस्तक “शब्दों का सफर” मेरी कविताओं का संग्रह है। जिसको आप पढ़ने के बाद यह महसूस करेंगे कि जिंदगी के कुछ पलों को जिसे हम बोल नहीं पाते उस पल को शब्द बड़े आसानी से कह जाते हैं।इस पुस्तक के प्रकाशन का उद्देश्य है नयी कविताओं और बदलते विचारों को समाज के सामने लाना और हिन्दी साहित्य का प्रचार-प्रसार करना।

“जब शब्दों का सफर कुछ खट्टे मीठे अनमोल पलों में सिमटकर रह जाते हैं।

तब शब्दों का यही सफर कुछ खट्टे मीठे शब्दों से किताबों में कारवां बन छा जाते हैं।”

रजनी अजीत सिंह का व्यक्तित्व और स्वभाव का मूल्यांकन इनकी पहली पुस्तक “जिंदगी के एहसास” और दूसरी पुस्तक “शब्दों का सफर” रुपी किताब को पढ़ने के बाद तय कर सकते हैं बस कुछ शब्दों से इनके झंझावात को समझ सकते हैं।

प्यार मिला, ठेस लगी, गम मिला तो क्या हुआ? कभी कहानी कभी कविता, कभी आत्मकथा, कभी डायरी बनकर जिंदगी की हकीकत सामने आयी।” 1997 से लिखने की शुरू हुई ये कहानी सांस थम जाये तब तक लिखती रहूँ।” यही रजनी अजीत सिंह की हार्दिक इच्छा है।

रजनी अजीत सिंह 17.12.2018

4 विचार “शब्दों का सफर&rdquo पर;

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