“जिदंगी-ए-सफर “का एहसास

कैसा मीठा मीठा सा एहसास होता है,
इस जिदंगी – ए – सफर के बीते खूबसूरत पल का।
कभी खुशी तो कभी गम सफर का बीता हर पल इस दिल के धड़कन को बढ़ा जाता है,
जब तुम आ जाते हो अचानक नजरों के सामने सपना बनकर,
तब मेरा रोम रोम खुशी से खिल उठता है उस पल के एहसास में।
जब एक दूसरे को अजनबी के बीच में ढूंढ़ा था अपने लिए,
और महसूस किया था अपनेपन के प्यार रुपी एहसास को पहली बार।
कभी – कभी जब मैं खो जाती हूँ ख्यालों में तुम्हारे,
तो मन खो जाता है उन खूबसूरत यादों के सफर में बार बार।
और मेरी आँखें देखने लगती हैं सपने उन नई खुशियों के लिए जो खड़ी है हमारी मंजिल दिलाने के लिए जिंदगी के राहों में पलके बिछाए।
रजनी अजीत सिंह 1.10.2018

#जिंदगी_का_सफर
#सपना
#एहसास
#यादों
#yqbaba
#yqdidi

https://yq.app.link/6kYrT1hNDQ

5 विचार ““जिदंगी-ए-सफर “का एहसास&rdquo पर;

टिप्पणियाँ बंद कर दी गयी है।